Dussehra 2023 : टीवी कलाकारों के होमटाउन में कैसे मनाया जाता है दशहरा, अंगूरी भाभी उर्फ इंदौर की शुभांगी को याद आए बचपन के दिन

एंटरटेनमेंट डेस्क। दशहरा पर्व को दुर्गा पूजा या विजयादशमी के नाम से जाना जाता है। इस त्यौहार का भारत के सभी राज्यों में विशेष महत्व है। इस खास मौके पर टीवी एक्टर्स ने इसकी अहमियत और अपने-अपने होमटाउन में होने वाले उत्सवों के बारे में बताया। वहीं मध्य प्रदेश के इंदौर की रहने वाली ‘भाबीजी घर पर हैं‘ फेम अंगूरी भाभी ने मप्र के दशहरा उत्सव के बारे में बताया।
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‘भाबीजी घर पर हैं‘ की अंगूरी भाभी,यानि शुभांगी अत्रे।[/caption]
भाबीजी घर पर हैं के विभूति नारायण मिश्रा की भूमिका निभा रहे आसिफ शेख।[/caption]
‘हप्पू की उलटन पलटन‘ में दरोगा हप्पू सिंह की भूमिका निभा रहे योगेश त्रिपाठी।[/caption]
‘दूसरी माँ‘ में यशोदा की भूमिका निभा रहीं नेहा जोशी।[/caption]
‘भाबीजी घर पर हैं‘ में अनोखे लाल सक्सेना की भूमिका निभा रहे सानंद वर्मा।[/caption]
हप्पू की उलटन पलटन‘ में ऋतिक की भूमिका निभा रहे आर्यन प्रजापति।[/caption]
‘दूसरी माँ‘ में मनोज का किरदार अदा कर रहे जयपुर के आरजे मोहित।[/caption]
‘हप्पू की उलटन पलटन‘ में रुसा की भूमिका निभा रहीं चारुल मलिक।[/caption]
‘भाबीजी घर पर हैं‘ की अंगूरी भाभी,यानि शुभांगी अत्रे।[/caption]
‘भाबीजी घर पर हैं‘ की अंगूरी भाभी
मध्य प्रदेश के दशहरा उत्सव के बारे में बताते हुए, टीवी सीरियल ‘भाबीजी घर पर हैं‘ की अंगूरी भाभी, यानि शुभांगी अत्रे ने कहा- ‘‘मैं इंदौर, मध्य प्रदेश की हूं और दशहरा को लेकर हमेशा से मेरे दिल में एक खास जगह रही है। इस शुभ अवसर पर हमारा शहर दुल्हन की तरह सजता है। बचपन में मैं और मेरे भाई-बहन विभिन्न मेलों में जाते थे, जहां रावण पर भगवान राम की विजय की कथाओं का मंचन होता था। खान-पान के बिना कोई भी भारतीय त्यौहार पूरा नहीं होता है और मध्य प्रदेश निश्चित रूप से जानता है कि उम्दा पकवान कैसे बनाए जाते हैं! पोहा-जलेबी, खस्ता कचौरी, घेवर और बेसन लड्डू इस खास दिन लगभग हर परिवार की टेबल पर होते हैं।’’ [caption id="attachment_92495" align="aligncenter" width="600"]
भाबीजी घर पर हैं के विभूति नारायण मिश्रा की भूमिका निभा रहे आसिफ शेख।[/caption]
‘भाबीजी घर पर हैं‘ के विभूति नारायण मिश्रा
भाबीजी घर पर हैं के विभूति नारायण मिश्रा की भूमिका के लिये मशहूर आसिफ शेख ने दिल्ली के दशहरा उत्सव के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि, ‘‘दिल्ली में दशहरा का मुख्य आकर्षण निःसंदेह लाल किला की लव कुश रामलीला में प्रसिद्ध रामलीला की प्रस्तुति देखना है। मेरा इससे कभी मन नहीं भरता, इसलिए मैं हर साल यहां आता हूं। अगर आपने अब तक लाल किला में रामलीला का भव्य उत्सव नहीं देखा है, तो आप एक बेहद शानदार चीज से चूक रहे हैं। मैं गारंटी दे सकता हूं कि आपको जीवनभर याद रहने वाला अनुभव मिलेगा।’’ [caption id="attachment_92500" align="aligncenter" width="600"]
‘हप्पू की उलटन पलटन‘ में दरोगा हप्पू सिंह की भूमिका निभा रहे योगेश त्रिपाठी।[/caption]
‘हप्पू की उलटन पलटन‘ के दरोगा हप्पू सिंह
‘हप्पू की उलटन पलटन‘ में दरोगा हप्पू सिंह की भूमिका निभा रहे योगेश त्रिपाठी ने उत्तर प्रदेश में दशहरा के त्यौहार के माहौल के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि, ‘‘उत्तर प्रदेश में रावण दहन का दशहरा के उत्सव में बड़ा महत्व होता है। राज्य में विभिन्न जगहों पर भगवान राम द्वारा रावण का पुतला जलाया जाता है। हमारे शहर में प्रमुख जगहों पर राम लीला की भव्य प्रस्तुतियां भी होती हैं। भगवान राम, लक्ष्मण और हनुमान की भूमिका निभाने वाले कलाकार इस महाकाव्य को जीवंत बनाने के लिये ऑडियो-विजुअल टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल करते हैं। [caption id="attachment_92496" align="aligncenter" width="600"]
‘दूसरी माँ‘ में यशोदा की भूमिका निभा रहीं नेहा जोशी।[/caption]
‘दूसरी माँ‘ की यशोदा
‘दूसरी माँ‘ में यशोदा की भूमिका निभा रहीं नेहा जोशी ने महाराष्ट्र में होने वाले उत्सव के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि, ‘‘महाराष्ट्र में हमारे दशहरा उत्सव की शुरूआत अपने बड़ों का आशीर्वाद लेकर और आपटा की पत्तियां बांटकर होती है। आपटा की पत्तियां स्वर्ण का प्रतीक होती हैं और रीति के अनुसार उन्हें दोस्तों, परिवार तथा पड़ोसियों में बांटकर आनंदमय अवसरों के लिये शुभकामनाएं दी जाती हैं। त्यौहार के पकवान, जैसे कि पूरन पोली, श्रीखण्ड पूरी और पूरी भाजी की हमारे परिवार के दशहरा उत्सव में खास जगह है।’’ [caption id="attachment_92499" align="aligncenter" width="600"]
‘भाबीजी घर पर हैं‘ में अनोखे लाल सक्सेना की भूमिका निभा रहे सानंद वर्मा।[/caption]
‘भाबीजी घर पर हैं‘ के अनोखे लाल सक्सेना
‘भाबीजी घर पर हैं‘ में अनोखे लाल सक्सेना की भूमिका निभा रहे सानंद वर्मा ने बिहार में होने वाले उत्सव के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि, ‘‘बिहार में दशहरा धार्मिक उत्साह, सांस्कृतिक अभिव्यक्ति और सामुदायिकता की मजबूत भावना का संगम है। बिहार में दशहरा का उत्सव अक्सर एक महीने से ज्यादा चलता है और तैयारियां काफी पहले से शुरू हो जाती हैं। पूरे महीने विभिन्न आयोजन, अनुष्ठान और सांस्कृतिक कार्यक्रम होते हैं। बिहार की रामलीला प्रस्तुतियों को उनकी अनूठी शैली के लिये जाना जाता है। संवाद अक्सर स्थानीय भोजपुरी बोली में होते हैं। [caption id="attachment_92494" align="aligncenter" width="600"]
हप्पू की उलटन पलटन‘ में ऋतिक की भूमिका निभा रहे आर्यन प्रजापति।[/caption]
‘हप्पू की उलटन पलटन‘ के ऋतिक
हप्पू की उलटन पलटन‘ में ऋतिक की भूमिका निभा रहे आर्यन प्रजापति ने गुजरात में होने वाले भव्य उत्सव के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि, ‘‘गुजरात में दशहरा को नवरात्र के रूप में मनाया जाता है। दिन की शुरूआत जलेबी फाफड़ा जैसे पकवानों पर टूट पड़ने से होती है, लेकिन मुख्य आकर्षण होता है लुभावना गरबा लोक नृत्य। इस त्यौहार का मूल उद्देश्य है लोगों को एकजुट करना और वे आकर्षक पारंपरिक परिधान पहनकर, हाथों में खूबसूरत डांडिया लिये नृत्य करते हैं।’’ [caption id="attachment_92498" align="aligncenter" width="600"]
‘दूसरी माँ‘ में मनोज का किरदार अदा कर रहे जयपुर के आरजे मोहित।[/caption]
‘दूसरी माँ‘ के मनोज
‘दूसरी माँ‘ में मनोज का किरदार अदा कर रहे जयपुर के आरजे मोहित ने कहा, ‘‘जयपुर में त्यौहार का उत्साह उसकी जीवंतता दिखाता है। हमारे शहर में रामलीला की कई प्रस्तुतियां होती हैं। ये आयोजन बुराई पर अच्छाई की शाश्वत जीत की मार्मिक याद दिलाते हैं, जिसका दशहरा एक प्रतीक है। जयपुर में किसी मेले में घूमे बिना दशहरा का उत्सव पूरा नहीं होता है। मेले वाले मैदानों के हर कोने पर आपको पारंपरिक मनोरंजन, जैसे कि फेरिस व्हील्स और मेरी-गो-राउंड्स और स्वादिष्ट स्ट्रीट फूड तथा मिठाइयां मिलती हैं।’’ [caption id="attachment_92501" align="aligncenter" width="600"]
‘हप्पू की उलटन पलटन‘ में रुसा की भूमिका निभा रहीं चारुल मलिक।[/caption]




















