
बड़नगर। उज्जैन के बड़नगर में मन्नत पूरी होने पर एक अनोखी घटना सामने आई है। गुरुवार को चतुर्भुज जाट नामक शख्स ने अपने बेटे को उसके वजन के बराबर नोटों से तौलकर मंदिर में 10 लाख 7 हजार रुपए दान कर दिए। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है।
चार साल पहले मांगी थी मन्नत
चतुर्भुज जाट पेशे से किसान हैं। चार साल पहले अपने 30 वर्षीय बेटे वीरेंद्र जाट के लिए श्री सत्यवादी वीर तेजाजी महाराज के मंदिर में मन्नत मांगी थी। मन्नत पूरी होने पर उन्होंने बेटे के वजन के बराबर पैसे दान करने का संकल्प लिया था। तेजाजी दशमी के अवसर पर उन्होंने अपना यह संकल्प पूरा किया।
बेटे के वजन के बराबर 10-10 के नोटों से तौला
चतुर्भुज जाट ने दो साल से 10-10 के नोट इकट्ठा करने शुरू कर दिए थे। उन्होंने अपने बेटे वीरेंद्र के बराबर लगभग 83 किलो नोटों की गड्डियां जमा की। इसके लिए उन्होंने 10-10 के नोटों की 1007 गड्डियां जुटाईं। तौलने के लिए मंदिर में बड़ा तराजू मंगवाया गया। एक तरफ बेटे वीरेंद्र जाट को बैठाया और दूसरी तरफ थैलियों में नोटों के बंडल रखे गए। चतुर्भुज जाट ने इन नोटों को जुटाने के लिए बैंक के साथ-साथ परिचितों और रिश्तेदारों की भी मदद ली।
मंदिर निर्माण के लिए दान
नोटों की गड्डियों से कुल 10 लाख 7 हजार रुपए की रकम बरामद हुए। इस पैसे को चतुर्भुज जाट ने मंदिर के निर्माण कार्य के लिए दान कर दिया। हालांकि, चतुर्भुज ने मन्नत के बारे में विस्तार से नहीं बताया, लेकिन यह जरूर कहा कि उनकी मन्नत पूरी हो चुकी है।