पोहरी में एसडीएम और पटवारी पर रिश्वत मांगने का मामला दर्ज:EOW ने की कार्रवाई

शिवपुरी जिले के पोहरी एसडीएम और एक पटवारी के खिलाफ ईओडब्ल्यू ने रिश्वत मांगने के आरोप में मामला दर्ज किया है। शिकायतकर्ता का आरोप है कि जमीन के रिकॉर्ड में सुधार के आदेश के बदले पहले 10 हजार रुपये और बाद में 5 हजार रुपये की रिश्वत मांगी गई। शिकायत के बाद ईओडब्ल्यू ने एफआईआर दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
EOW ने की कार्रवाई

शिवपुरी। शिकायत के बाद ईओडब्ल्यू ने बातचीत की रिकॉर्डिंग कराई, जिसमें रिश्वत मांगने की पुष्टि होने का दावा किया गया। रिकॉर्डिंग और शिकायत के आधार पर भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है। फिलहाल पूरे मामले की जांच जारी है। 

जमीन के रिकॉर्ड सुधार के बदले मांगी रिश्वत! 

ईओडब्ल्यू में दर्ज शिकायत के अनुसार शिवपुरी के वार्ड क्रमांक-1, कत्थामिल के पास रहने वाले गोविंद शिवहरे ने बताया कि उसने ग्राम रघुनाथपुरा की खेती की जमीन खरीदने का अनुबंध किया था। उसने एक लाख रुपये बयाने के रूप में दिए थे, लेकिन राजस्व रिकॉर्ड में नाम की प्रविष्टि गलत होने के कारण रजिस्ट्री नहीं हो पा रही थी। इसके सुधार के लिए एसडीएम पोहरी न्यायालय में आवेदन लगाया गया था।

/img/118/1782919627980

एसडीएम और पटवारी पर रिश्वत मांगने का आरोप

शिकायतकर्ता का आरोप है कि इस मामले में आदेश कराने के लिए एसडीएम जे.पी. गुप्ता ने पटवारी अशोक वर्मा के माध्यम से पहले 10 हजार रुपये की रिश्वत मांगी। शिकायतकर्ता रिश्वत देने के बजाय दोनों को रंगे हाथ पकड़वाना चाहता था। इसी उद्देश्य से उसने 25 जून को ईओडब्ल्यू ग्वालियर में शिकायत दर्ज कराई।

ये भी पढ़ें: शराब के खिलाफ फूटा गुस्सा : पत्नी ने शराबी पति को खंभे से बांधा, मुंह पर टेप चिपकाया, पुलिस ने जाकर छुड़ाया

वॉयस रिकॉर्डिंग के आधार पर मामला दर्ज

शिकायत मिलने के बाद ईओडब्ल्यू के अधिकारियों ने शिकायतकर्ता को एक डिजिटल वॉइस रिकॉर्डर दिया और आरोपियों से होने वाली बातचीत रिकॉर्ड करने के निर्देश दिए। शिकायतकर्ता ने कलेक्ट्रेट परिसर स्थित एसडीएम कार्यालय में जाकर पटवारी और एसडीएम से मुलाकात की और पूरी बातचीत रिकॉर्ड की। ईओडब्ल्यू के अनुसार रिकॉर्डिंग में 5 हजार रुपये की रिश्वत मांगने और पैसे पटवारी को देने की बात सामने आई।

Breaking News

भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत एफआईआर

रिकॉर्डिंग और शिकायत के आधार पर ईओडब्ल्यू ने दोनों अधिकारियों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा-7 के तहत एफआईआर दर्ज कर ली है। मामले की जांच निरीक्षक आशीष राजपूत को सौंपी गई है। 

Rohit Sharma
By Rohit Sharma

पीपुल्स इंस्टीट्यूट ऑफ मीडिया स्टडीज, माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय...

Latest Posts