
उज्जैन। धार्मिक नगरी एवं बाबा महाकाल की नगरी उज्जैन में महाशिवरात्रि पर शिव ज्योति अर्पणम कार्यक्रम होगा। इस साल महाशिवरात्रि 18 फरवरी को मनाई जाएगी। इस अवसर पर शिव ज्योति अर्पणम कार्यक्रम के तहत उज्जैनवासी 21 लाख दीप जलाएंगे। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने भी दीप जलाने को लेकर प्रदेशवासियों से आह्वान करते हुए कहा, मैं भी परिवार के साथ आकर दीप जलाऊंगा। आप भी अपने परिवार के साथ दीप जलाएं।
बता दें, पिछले साल भी महाशिवरात्रि पर 11 लाख 71 हजार से अधिक दीप जलाकर गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड मध्य प्रदेश के उज्जैन का नाम दर्ज कराया था। इस बार भी गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड बनेगा।
उज्जैन और प्रदेश के वैभव को बढ़ाएं
सीएम शिवराज ने उज्जैनवासी के साथ ही प्रदेशवासियों से शिव ज्योति अर्पणम का आव्हान किया, उन्होंने कहा कि महाशिवरात्रि के इस पवित्र अवसर पर शिव ज्योति अर्पणम कार्यक्रम से बाबा की नगरी दीपों के प्रकाश से जगमग होने वाली है। सीएम ने प्रदेशवासियों से दीपक लगाने के लिए कहा है। साथ ही दीप जलाकर बाबा महाकाल की नगरी उज्जैन और मध्य प्रदेश के वैभव को बढ़ाने की बात भी कही हैं। इसके साथ ही सीएम शिवराज ने शनिवार को महाशिवरात्रि पर शिप्रा किनारे होने वाले दीप प्रज्ज्वलन के सबसे बड़े कार्यक्रम ‘शिव ज्योति अर्पणम् महोत्सव’ की तैयारियों की समीक्षा की है।
घाटों पर 21 लाख दीप जलाए जाएंगे
गौरतलब है कि बाबा महाकाल के दर्शन के लिए इन दिनों हजारों की संख्या में श्रद्धालु उज्जैन पहुंच रहे हैं। इस साल भी 18 फरवरी को शिव ज्योति अर्पणम कार्यक्रम रखा गया है। इस कार्यक्रम में शिप्रा घाट पर 21 लाख दीप जलाए जाएंगे। 21 लाख दीप रामघाट, दत्त अखाड़ा, गुरुनानक, केदारेश्वर, सुनहरी घाट, पर एक समय पर एक साथ प्रज्ज्वलित किए जाएंगे। दीप प्रज्ज्वलित 20 हजार वालेंटियर्स करेंगे।
अयोध्या का रिकॉर्ड टूटेगा!
पिछले साल महाशिवरात्रि पर 11 लाख से ज्यादा दीपक जलाकर उज्जैन ने गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में अपना नाम दर्ज कराया था। इस साल शिव ज्योति अर्पणम महोत्सव के तहत शहर में 21 लाखों दीप एक साथ जलाए जाएंगे, जो कि अपने आप में एक रिकॉर्ड भी होगा। पिछल साल रामनगरी अयोध्या में एक साथ 15 लाख 76 हजार दीपक जलाने विश्व रिकॉर्ड बना था। ऐसे में उज्जैन में इस बार 21 लाख दीपक जलाए जाएंगे। इससे अयोध्या का रिकॉर्ड टूटेगा और देश में एक साथ लाखों दीप जलाने का नया कीर्तिमान बनेगा।
जली हुई रूई से बनाए जाएंगे गद्दे-बिस्तर
बता दें कि शिव ज्योति अर्पण कार्यक्रम जीरो वेस्ट कार्यक्रम रहेगा। इसमें खाली तेल की बोतलों को पुन: उपयोग करते हुए उद्यान में कुर्सियां, बेंचेस, गमले आदि बनाए जाएंगे। मोमबत्तियों को जलाने के लिए पेपर मैच बॉक्स का उपयोग किया जाएगा। जली हुई रूई की बत्तियों को पुन: उपयोग करते हुए रैन बसेरों के गद्दे-बिस्तर बनाने में इसका उपयोग होगा। दीपोत्सव की व्यापक तैयारियां जारी है। इस बार गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाया जाएगा। इस बार दीपोत्सव के लिये घाटों की संख्या भी बढ़ाई जा रही है। कुल छह सेक्टर बनाए गए हैं व 20 हजार वॉलेंटियर्स को इसमें शामिल किया जा रहा है।
शिव ज्योति अर्पणम कार्यक्रम में दीप प्रज्वलित कर शामिल होने की मुख्यमंत्री श्री @ChouhanShivraj द्वारा की गई अपील pic.twitter.com/w3HHaN2G85
— PRO JS Ujjain (@PROJS_Ujjain) February 13, 2023