
सिवनी। मध्य प्रदेश में भ्रष्टाचार के खिलाफ लोकायुक्त की कार्रवाई जारी है। ताजा मामला सिवनी खाद्य आपूर्ति विभाग से सामने आया है, जहां लोकायुक्त जबलपुर टीम ने जूनियर आपूर्ति अधिकारी ज्योति पटले के ड्राइवर कैलाश सनोडिया को 40 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया। इस मामले में अधिकारी ज्योति पटले को भी आरोपित बनाया गया है।
क्या है मामला?
दरअसल, कारीरात गांव के संत कुमार कनोजिया की पत्नी सीमा कनोजिया आदर्श स्व-सहायता समूह चलाती हैं, जिसके जरिए धान खरीदी केंद्र व राशन की दुकान का संचालन किया जाता है। इसी दुकान का निरीक्षण करने के लिए कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी ज्योति पटले पहुंची थीं। निरीक्षण के दौरान उन्होंने दुकान में कुछ कमियां बताईं और धान खरीदी में कमीशन के तौर पर 73 हजार रुपए की रिश्वत मांगी। बाद में यह सौदा 40,000 रुपए में तय हुआ।
ड्राइवर को रंगे हाथों पकड़ा
आवेदक ने इसकी शिकायत लोकायुक्त जबलपुर टीम से की। टीम ने योजना बनाकर शिकायतकर्ता को पैसों के साथ भेजा। ज्योति पटले ने पैसे लेने के लिए अपने ड्राइवर कैलाश सनोडिया को कहा। जैसे ही उसने रिश्वत की रकम हाथ में ली, लोकायुक्त टीम ने उसे रंगे हाथों पकड़ लिया। इस मामले में कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी ज्योति पटले को भी आरोपित बनाया है।
लोकायुक्त की कार्रवाई जारी
लोकायुक्त डीएसपी दिलीप झरबड़े के अनुसार, यह कार्रवाई जिला आपूर्ति अधिकारी कार्यालय, सिवनी में की गई। अब आरोपी अधिकारी ज्योति पटले की भूमिका की भी जांच की जा रही है।