उत्तराखंड में चुनाव से पहले बढ़ी सियासी हलचल, कांग्रेस में शामिल हुए सिंगर जुबिन के पिता रामशरण नौटियाल

देहरादून। उत्तराखंड में विधानसभा चुनाव से पहले राजनीतिक गतिविधियां तेज होने लगी हैं। इसी बीच भाजपा के वरिष्ठ नेता रहे रामशरण नौटियाल सोमवार को कांग्रेस में शामिल हो गए। कांग्रेस की उत्तराखंड प्रभारी कुमारी शैलजा और प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष गणेश गोदियाल की मौजूदगी में उन्होंने पार्टी की सदस्यता ग्रहण की। रामशरण नौटियाल बॉलीवुड के मशहूर गायक जुबिन नौटियाल के पिता हैं। वह पहले भी कांग्रेस में रह चुके हैं और करीब 12 साल पहले पार्टी छोड़कर भाजपा में शामिल हुए थे। अब उनकी कांग्रेस में वापसी से देहरादून जिले के चकराता और आसपास के विधानसभा क्षेत्रों की सियासत में हलचल तेज हो गई है।
भाजपा से इस्तीफे के बाद कांग्रेस में वापसी
रामशरण नौटियाल पिछले कुछ समय से भाजपा से दूरी बनाए हुए थे। हाल ही में उन्होंने पार्टी से इस्तीफा दे दिया था जिसके बाद उनके कांग्रेस में शामिल होने की अटकलें लगाई जा रही थीं। अब कांग्रेस की सदस्यता लेने के साथ इन चर्चाओं पर विराम लग गया है। नौटियाल ने भाजपा छोड़ने की वजह बताते हुए पार्टी में सम्मान नहीं मिलने की बात कही थी। हालांकि उनके कांग्रेस में शामिल होने के बाद आगे की राजनीतिक भूमिका और चुनावी रणनीति को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं।
कुमारी शैलजा बोलीं- पुराने साथी की हुई घर वापसी
रामशरण नौटियाल का कांग्रेस में स्वागत करते हुए पार्टी की उत्तराखंड प्रभारी कुमारी शैलजा ने इसे पुराने साथी की घर वापसी बताया। उन्होंने कहा कि नौटियाल को भाजपा में घुटन महसूस हो रही थी और वहां के माहौल तथा कामकाज से उनका मन खिन्न हो गया था। शैलजा ने कहा, हमारे पुराने साथी रामशरण नौटियाल जी को बीजेपी में घुटन महसूस हुई। वहां के माहौल और काम से उनका मन खिन्न हो गया। रामशरण नौटियाल जी फिर से कांग्रेस पार्टी में शामिल हो रहे हैं। मैं उनका स्वागत करती हूं।
संबित पात्रा ने CJP के प्रदर्शन को बताया फ्लॉप शो, राहुल गांधी पर साधा निशाना
कांग्रेस को मजबूत होने की उम्मीद
प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने भी रामशरण नौटियाल का पार्टी में स्वागत किया। उन्होंने उम्मीद जताई कि नौटियाल के कांग्रेस में आने से उत्तराखंड में संगठन को मजबूती मिलेगी। गोदियाल ने कहा कि नौटियाल ने कांग्रेस का दामन थामा है और उनकी मौजूदगी से पार्टी को ताकत मिलने की उम्मीद है। कांग्रेस के लिए यह घटनाक्रम ऐसे समय में अहम माना जा रहा है, जब प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज हो रही हैं।
2022 में चकराता से भाजपा के टिकट पर लड़े थे चुनाव
रामशरण नौटियाल ने अपने राजनीतिक करियर की शुरुआत कांग्रेस से की थी। वर्ष 2014 में वह कांग्रेस छोड़कर भाजपा में शामिल हो गए थे। इसके बाद उन्होंने भाजपा में रहते हुए राजनीति की और वर्ष 2022 के उत्तराखंड विधानसभा चुनाव में चकराता सीट से पार्टी के उम्मीदवार बने। हालांकि, इस चुनाव में उन्हें हार का सामना करना पड़ा था। नौटियाल देहरादून के जिला पंचायत अध्यक्ष भी रह चुके हैं। उनके राजनीतिक अनुभव और क्षेत्र में सक्रियता को देखते हुए कांग्रेस में वापसी को महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
विकासनगर या सहसपुर से चुनाव लड़ने की चर्चा
रामशरण नौटियाल के कांग्रेस में शामिल होने के बाद उनके अगले चुनावी कदम को लेकर भी अटकलें लगाई जा रही हैं। उनके विकासनगर या सहसपुर विधानसभा क्षेत्र से चुनाव लड़ने की चर्चा है। हालांकि इन सीटों से उनकी उम्मीदवारी को लेकर अभी किसी आधिकारिक घोषणा की जानकारी सामने नहीं आई है। उनकी वापसी से चकराता सहित देहरादून जिले की राजनीति में नए समीकरण बनने की संभावना पर चर्चा शुरू हो गई है। अब देखना होगा कि कांग्रेस उन्हें आगामी चुनाव में क्या जिम्मेदारी देती है और उनकी वापसी का पार्टी को कितना राजनीतिक लाभ मिलता है।
दिल्ली के रामलीला मैदान में 1 नवंबर को कांग्रेस की रैली, एनओसी जारी
प्रियंका कक्कड़ भी कांग्रेस में हो चुकी हैं शामिल
इससे पहले आम आदमी पार्टी की मुख्य राष्ट्रीय प्रवक्ता प्रियंका कक्कड़ भी कांग्रेस में शामिल हुई थीं। उन्होंने 3 अक्टूबर 2026 को दिल्ली में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राजीव शुक्ला की मौजूदगी में पार्टी की सदस्यता ग्रहण की थी।




















