
पापुआ न्यू गिनी में शनिवार सुबह भूकंप के तेज झटकों ने लोगों को डरा दिया। अमेरिकी जियोलॉजिकल सर्वे (USGS) के मुताबिक, इस भूकंप की तीव्रता 6.9 मापी गई। इसका केंद्र न्यू ब्रिटेन द्वीप पर किंबे कस्बे से करीब 194 किलोमीटर दूर समुद्र में था। यह भूकंप सुबह 6:04 बजे आया और केवल 10 किलोमीटर की गहराई पर था, जिससे इसे एक उथला और अधिक प्रभावशाली भूकंप माना जा रहा है।
सुनामी की चेतावनी जारी
भूकंप के बाद यूएस पैसिफिक सुनामी वार्निंग सेंटर ने पापुआ न्यू गिनी के तटीय इलाकों के लिए 1 से 3 मीटर ऊंची लहरों की आशंका जताई और सुनामी की चेतावनी जारी कर दी। इसके साथ ही सोलोमन द्वीप समूह के लिए भी 0.3 मीटर तक की लहरों की संभावना जताई गई थी। हालांकि, कुछ ही घंटों के बाद स्थिति का आकलन कर सभी चेतावनियों को रद्द कर दिया गया।
30 मिनट बाद आया एक और झटका
मुख्य झटके के लगभग 30 मिनट बाद उसी क्षेत्र में रिक्टर स्केल पर 5.3 तीव्रता का एक और झटका महसूस किया गया। इससे लोगों में दहशत का माहौल पैदा हो गया, हालांकि किसी बड़े नुकसान की कोई खबर अब तक सामने नहीं आई है।
न्यू ब्रिटेन में 5 लाख से अधिक की आबादी
न्यू ब्रिटेन द्वीप पर लगभग 5 लाख लोग रहते हैं। भूकंप के झटकों के बावजूद अब तक किसी भी प्रकार के जान-माल के नुकसान की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। राहत की बात यह है कि, इस भूकंप के प्रभाव से कोई गंभीर आपदा सामने नहीं आई।
पापुआ न्यू गिनी के नजदीकी देशों ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड ने भी स्थिति की निगरानी की, लेकिन वहां के मौसम विभागों ने स्पष्ट किया कि इन देशों के लिए किसी भी प्रकार की सुनामी की कोई चेतावनी नहीं दी गई है।
‘रिंग ऑफ फायर’ में स्थित है पापुआ न्यू गिनी
पापुआ न्यू गिनी दुनिया के सबसे अधिक भूकंप प्रभावित क्षेत्रों में से एक ‘प्रशांत रिंग ऑफ फायर’ पर स्थित है। यह क्षेत्र लगभग 40,000 किलोमीटर लंबा है। इसमें जापान, इंडोनेशिया, न्यूजीलैंड, अमेरिका, चिली जैसे कई देश शामिल हैं। इस इलाके में पृथ्वी की टेक्टोनिक प्लेटें टकराती हैं, जिससे अक्सर ज्वालामुखी विस्फोट और भूकंप आते रहते हैं।
म्यांमार में भूकंप से भारी तबाही
इससे पहले 28 मार्च को भारत के पड़ोसी देश म्यांमार में 7.7 और 6.4 तीव्रता के दो शक्तिशाली भूकंप आए थे, जिनमें अब तक 3,085 लोगों की मौत हो चुकी है। हजारों लोग घायल हैं और सैकड़ों अब भी लापता हैं। इसका असर थाईलैंड में भी देखा गया जहां राजधानी बैंकॉक में तबाही मची।
नेपाल और भारत में भी महसूस किए गए झटके
शुक्रवार को पश्चिमी नेपाल में भी दो बार भूकंप के झटके महसूस किए गए, जिनकी तीव्रता क्रमशः 5.2 और 5.5 थी। इनका केंद्र जाजरकोट जिला था और उत्तर भारत के कुछ हिस्सों में भी इन्हें महसूस किया गया।