
भोपाल। मध्य प्रदेश की सियासत में हलचल मची हुई है। प्रदेश के पूर्व सीएम कमलनाथ और उनके बेटे सांसद नकुलनाथ का बीजेपी में जाना लगभग तय माना जा रहा है। वहीं कमलनाथ के बीजेपी में शामिल होने की अटकलों के बीच कांग्रेस में सन्नाटा पसरा है। पार्टी के प्रदेश कार्यालय में ताले लटके हुए हैं। कांग्रेस के प्रमुख नेताओं के घरों से कार्यकर्ताओं और सर्मथकों की भीड़ गायब हो गई है। मध्य प्रदेश कांग्रेस भवन में भी कोई नेता मौजूद नहीं है।
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— Peoples Samachar (@psamachar1) February 18, 2024
नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार भी दिल्ली में हैं
इधर, जीतू पटवारी पार्टी विधायकों के भी बीजेपी में जाने की संभावना पर नजर रख रहे हैं। नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार दिल्ली में मौजूद है। दोनों शनिवार से दिल्ली में ही हैं, ऐसे में रिपोर्ट्स के मुताबिक वे आज शाम 5 बजे भाजपा जॉइन कर सकते हैं। इसके अलावा उनके खास समर्थक भी दिल्ली में हैं। आज कमलनाथ और नकुलनाथ की पीएम नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात हो सकती है। मप्र के कुछ कांग्रेस विधायक भी पार्टी छोड़ सकते हैं।
मैं सिर्फ काशी विश्वनाथ की बात करता हूं : जयराम रमेश
उत्तर प्रदेश के भदोही में कांग्रेस महासचिव (संचार) जयराम रमेश ने मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ के भाजपा में शामिल होने की खबरों पर कहा, “मैं सिर्फ काशी विश्वनाथ की बात करता हूं, कमलनाथ की नहीं।”
#WATCH भदोही, उत्तर प्रदेश: मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ के भाजपा में शामिल होने की खबरों पर कांग्रेस महासचिव(संचार) जयराम रमेश ने कहा, "मैं सिर्फ काशी विश्वनाथ की बात करता हूं, कमलनाथ की नहीं…" pic.twitter.com/jBu7PurKaU
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कांग्रेस आलाकमान अलर्ट पर
बताया जा रहा है कि कमलनाथ समर्थक विधायक और नेता दिल्ली पहुंच सकते हैं। ये सभी नेता कमलनाथ के साथ बीजेपी में शामिल हो सकते हैं! वहीं कमलनाथ के भाजपा में जाने की अटकलों के बीच कांग्रेस आलाकमान अलर्ट है। प्रदेश अध्यक्ष और नेता प्रतिपक्ष कांग्रेस विधायकों के संपर्क में है। दोनों नेता वन टू वन विधायकों से संपर्क कर रहे हैं।
दिल्ली पहुंचने के बाद सज्जन वर्मा ने किया पोस्ट
रविवार को दिल्ली पहुंचने के बाद कमलनाथ समर्थक और पूर्व मंत्री सज्जन सिंह वर्मा ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर पोस्ट कर जय श्री राम लिखा। उनके बायो में भी कहीं कांग्रेस का जिक्र नहीं हैं। बता दें कि वर्मा पहले ही कह चुके हैं कि जहां कमलनाथ जाएंगे, उन्हें भी वहां जाना पड़ेगा। । आपको बता दें कि कल सज्जन वर्मा ने अपनी बायो बदली थी।
लक्ष्मण सिंह ने कही बड़ी बात
दिग्विजय सिंह के भाई व कांग्रेस के पूर्व विधायक लक्ष्मण सिंह ने सोशल मीडिया X पर पोस्ट कर लिखा- 2024 में “उत्तराधिकार” की राजनीति करना “न्यायपूर्ण” नहीं है। हम इसके परिणाम भी देख रहे हैं। ऐसा करने से कई राजनीतिक दल और उनके समर्पित कार्यकर्ता निराश होकर घर बैठने पर मजबूर हैं, जो प्रजातत्र और उन दलों और कार्यकर्ताओं के लिए घातक है।
मुझे इन अटकलों में कोई दम नहीं दिखता : पीसी शर्मा
एमपी के पूर्व सीएम और कांग्रेस नेता कमल नाथ को लेकर चल रहीं अटकलों को लेकर मध्य प्रदेश कांग्रेस नेता पीसी शर्मा का कहना है, ”मैंने कमल नाथ की कार्यशैली को बहुत करीब से देखा है, यह संभव नहीं है कि वह कांग्रेस छोड़कर बीजेपी में शामिल होंगे… यह सब मीडिया की अटकलें हैं और ऐसा कुछ भी नहीं है। जहां तक मुझे पता है, सोनिया जी, राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे लगातार उनसे (कमल नाथ) बात कर रहे हैं। मुझे इन अटकलों में कोई दम नहीं दिखता।”
जीतू पटवारी ने कहा- सब भ्रमित बातें हैं
कमलनाथ समर्थक विधायकों और कार्यकर्ताओं ने प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी से मिलने व बात करने से दूरी बना ली है। वहीं प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष जीतू पटवारी शनिवार रात सपत्नीक आगर मालवा जिले के नलखेड़ा पहुंचे। इस दौरान कांग्रेस छोड़ भाजपा में जाने के सवाल पर जीतू पटवारी ने कहा कि कमलनाथ, सज्जन सिंह वर्मा या कोई भी विधायक कहीं नहीं जा रहा है, सब भ्रमित बातें हैं।
ये हैं कमलनाथ के करीबी
निलय डागा, सुखदेव पांसे, लखन घनघोरिया, बाला बच्चन, राजेन्द्र मंडलोई, संजय उईके, सुनील उईके, सोहन वाल्मीकि, विजय चौरे, निलेश उईके, सुजीत चौधरी, कमलेश शाह, दिनेश गुर्जर, संजय उईके, मधु भगत, विवेक पटेल, भूपेंद्र गुप्ता, मुरैना और छिंदवाड़ा महापौर।
विधायक गए तो होंगे उपचुनाव!
यदि कमलनाथ के साथ उनके समर्थक विधायक पाला बदलते हैं तो प्रदेश में उपचुनाव की स्थिति बन सकती है, जैसा कि ज्योतिरादित्य सिंधिया के कांग्रेस से टूटने के समय हुआ था। दरअसल, दलबदल कानून में अयोग्य होने से बचने के लिए नाथ को 44 विधायकों की जरूरत होगी।
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