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ग्वालियर:जीवाजी यूनिवर्सिटी में खुलेआम नकल, वीडियो वायरल के बाद भी प्रशासन चुप

ग्वालियर की जीवाजी यूनिवर्सिटी की परीक्षा में नकल का बड़ा खेल सामने आया है, जिसका वीडियो भी वायरल हो चुका है। छात्र खुलेआम कॉपी करते नजर आ रहे हैं, लेकिन जिम्मेदारों पर अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है, मामले को लेकर प्रशासन की निष्पक्षता पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।
जीवाजी यूनिवर्सिटी में खुलेआम नकल, वीडियो वायरल के बाद भी प्रशासन चुप
    यह सारांश आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस द्वारा तैयार किया गया है और हमारी टीम द्वारा रिव्यू की गई है।

    नकल का वीडियो सामने आने के बाद भी कार्रवाई न होना कई सवाल खड़े कर रहा है। आरोप सीधे यूनिवर्सिटी के जिम्मेदार अधिकारियों पर लग रहे हैं। अब जांच रिपोर्ट और आगामी परीक्षाओं की व्यवस्था पर सबकी नजर टिकी है।

    खुलेआम नकल का वीडियो वायरल 

    यूजी सेकंड ईयर की परीक्षा के दौरान इंदरगढ़, सबलगढ़ और पहाड़गढ़ के सेंटरों पर नकल की शिकायतें सामने आई हैं। खासतौर पर शासकीय स्कूल पहाड़गढ़ का एक वीडियो सामने आया है, जिसमें छात्र-छात्राएं खुलेआम नकल सामग्री रखकर पेपर सॉल्व करते नजर आ रहे हैं। बताया जा रहा है कि यह वीडियो 28 मार्च की परीक्षा का है। हैरानी की बात यह है कि मौके पर कोई निगरानी या रोक-टोक तक नहीं है, छात्र बिना किसी डर के खुलेआम नकल कर रहे हैं। 

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    एनएसयूआई ने सेंटर बदलने का लगाया आरोप 

    एनएसयूआई छात्र नेता पारस यादव ने कुलपति को वीडियो दिखाकर आरोप लगाया कि पहले दिन से ही इस सेंटर पर नकल हो रही है, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई। उन्होंने कुलसचिव पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि सबलगढ़ के शांति देवी कॉलेज के संचालक उनके रिश्तेदार हैं, इसलिए सेंटर को शिफ्ट कर पहाड़गढ़ किया गया ताकि छात्रों को नकल की सुविधा मिल सके। मंगलवार को छात्रों ने सेंटर निरस्त करने और केंद्राध्यक्ष पर कार्रवाई की मांग को लेकर कुलसचिव कार्यालय के बाहर धरना भी दिया, लेकिन इसके बावजूद कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।

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    प्रशासन की चुप्पी, जांच का इंतजार

    नकल के स्पष्ट सबूत सामने आने के बावजूद यूनिवर्सिटी ने न तो सेंटर निरस्त किया और न ही केंद्राध्यक्ष को नोटिस जारी किया। हालांकि जानकारी के अनुसार विवि का एक दल मौके पर जाकर जांच करेगा और रिपोर्ट के आधार पर आगे निर्णय लिया जाएगा। इसी बीच 1 अप्रैल से थर्ड ईयर की परीक्षा शुरू होने वाली है, जिसमें करीब 40 हजार छात्र शामिल होंगे, ऐसे में व्यवस्था पर सवाल और बढ़ गए हैं।

    Rohit Sharma
    By Rohit Sharma

    पीपुल्स इंस्टीट्यूट ऑफ मीडिया स्टडीज, माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय...

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