
रेवाड़ी। किसानों के हितों को लेकर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर शुक्रवार को निशाना साधते हुए पूछा कि क्या वह एमएसपी का पूरा मतलब भी जानते हैं? साथ ही उन्होंने कहा कि हरियाणा में भाजपा की सरकार न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर 24 फसलें खरीद रही है। अमित शाह ने रेवाड़ी में एक चुनावी रैली को संबोधित करते हुए भ्रष्टाचार, आरक्षण और अनुच्छेद 370 के मुद्दे पर कांग्रेस पर निशाना साधा और कहा कि कांग्रेस इसे (धारा 370 को) वापस लाना चाहती है। शाह ने दावा किया कि पांच अक्टूबर को होने वाले चुनाव के बाद भाजपा तीसरी बार हरियाणा में सत्ता में लौटेगी।
हरियाणा में MSP पर 24 फसलें खरीद रही BJP
अमित शाह ने किसानों के मुद्दे पर कांग्रेस की आलोचना करते हुए कहा कि कुछ गैर सरकारी संगठनों (एनजीओ) ने राहुल ‘बाबा’ से कहा है कि एमएसपी (न्यूनतम समर्थन मूल्य) के नाम पर उन्हें वोट मिलेंगे। उन्होंने पूछा, ‘‘राहुल बाबा आप एमएसपी का पूरा मतलब जानते हैं? क्या आप ये भी जानते हैं कि कौन-सी रबी की फसल है और कौन-सी खरीफ की फसल है?” शाह ने कहा कि हरियाणा में भाजपा सरकार एमएसपी पर 24 फसलें खरीद रही है। उन्होंने कहा, ‘‘हरियाणा के कांग्रेस नेता बताएं कि कौन सा कांग्रेस शासित राज्य इतनी फसलें खरीद रहा है।” उन्होंने कहा कि किसान जो भी बोना चाहते हैं, बो सकते हैं। यह भाजपा सरकार ही है, जो उनकी उपज खरीदती है।
3,100 रुपए में खरीदेंगे धान
शाह ने पूछा, ‘‘कर्नाटक और तेलंगाना में एमएसपी पर कितनी फसलें खरीदी जा रही हैं?” शाह ने कांग्रेस नेता भूपेंद्र सिंह हुड्डा को याद दिलाया कि भारी बारिश से बर्बाद हुई फसलों के लिए किसानों को 2 रुपए का चेक दिया जाता था। उन्होंने कहा कि कांग्रेस शासन के दौरान धान की खरीद 1310 रुपए प्रति क्विंटल थी, लेकिन अब 2300 रुपये प्रति क्विंटल पर धान खरीदा जाता है और अगर आप हरियाणा में भाजपा की सरकार चुनते हैं, तो हम 3,100 रुपए (प्रति क्विंटल) के हिसाब से धान खरीदेंगे।
उन्होंने कहा कि बाजरे का एमएसपी 1,250 रुपए प्रति क्विंटल था, जो भाजपा सरकार में बढ़कर 2,625 रुपए हो गया। उन्होंने कहा, “जब कांग्रेस सत्ता में थी, तो उन्होंने बाजरे की खरीद नहीं की।” शाह ने कहा कि गेहूं का एमएसपी 1,450 रुपए प्रति क्विंटल हुआ करता था, जो भाजपा सरकार के समय में बढ़कर 2,275 रुपए हो गया और सरसों का एमएसपी जो 3,050 रुपए था, वह अब 5,650 रुपए हो गया है। उन्होंने पूछा, “संप्रग ने कितना धान, गेहूं खरीदा था?”
हरियाणा में तीन D काम करती थी
शाह ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि यह नरेंद्र मोदी सरकार है, जिसने ‘वन रैंक वन पेंशन’ (ओआरओपी) की लंबे समय से लंबित मांग को पूरा किया है। शाह ने कहा कि भाजपा ने हरियाणा में एक समान विकास किया है और पिछले 10 साल में भ्रष्टाचार खत्म हो गया है। हरियाणा में जब कांग्रेस सरकार थी तो 3D काम करती थी। जिसमें डीलर-दलाल और दिल्ली में बैठा दामाद शामिल है। भाजपा के वरिष्ठ नेता ने कहा, ‘‘कांग्रेस की सरकारें कट, कमीशन और भ्रष्टाचार के आधार पर चलती थीं, जबकि डीलर, दलाल और दामाद राज करते थे।” भाजपा नेता ने कहा, “भाजपा सरकार में कोई डीलर या दलाल नहीं है और दामाद का सवाल ही नहीं है।”
कश्मीर हमारा अपना है
अमित शाह ने जम्मू-कश्मीर में अनुच्छेद 370 के मुद्दे पर राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि वह इसे वापस लाना चाहते हैं। उन्होंने कहा, “जम्मू-कश्मीर हमारा है या नहीं। अनुच्छेद 370 खत्म होना चाहिए था या नहीं। राहुल बाबा ने वहां कहा है कि वे अनुच्छेद 370 वापस लाएंगे। राहुल बाबा मैं इस (महान अहीर नेता) राव तुला राम की धरती से कह रहा हूं कि आप ही नहीं, आपकी तीसरी पीढ़ी भी अनुच्छेद 370 वापस नहीं ला सकती।” उन्होंने कहा, “कश्मीर हमारा अपना है और कोई भी इस पर आंख उठाने की हिम्मत नहीं कर सकता।”
अग्निवीर पेंशन वाली नौकरी के बिना नहीं रहेगा
उन्होंने कहा, “कांग्रेस हमेशा सेना का अपमान करती है। यह कांग्रेस ही है, जिसने सेना प्रमुख को ‘गुंडा’ कहने का दुस्साहस किया। कांग्रेस ने कभी सेना का सम्मान नहीं किया।” उन्होंने कांग्रेस पर हमला करते हुए कहा कि वे यह गलतफहमी फैला रहे हैं कि जिन अग्निवीरों को शामिल नहीं किया जाएगा, उन्हें ऐसे ही छोड़ दिया जाएगा। शाह ने कहा, “हरियाणावासियों, मैं यह वादा करता हूं कि एक भी अग्निवीर (जो सेना में शामिल नहीं होगा) पेंशन वाली नौकरी के बिना नहीं रहेगा, यह भाजपा का वादा है।” उन्होंने कहा, “राहुल बाबा के पास अफवाह फैलाने के अलावा कोई और काम नहीं है।” उनका स्पष्ट इशारा कांग्रेस द्वारा ‘अग्निवीर’ मुद्दे को उठाने की ओर था।