
दमोह। शहर के निकट बांदकपुर मार्ग पर समन्ना गांव के पास मंगलवार को एक ट्रक द्वारा ऑटो को रौंद दिया गया था। बुधवार को शोभा नगर में एक ही परिवार के 7 लोगों की अर्थी उठने से पूरे इलाके में मातम छा गया। इस दुखद घटना को देखकर वहां उपस्थित लोगों की आंखें नम हो गईं और सभी का दिल बैठ गया। मामला मंगलवार का है, जब एक ट्रक और ऑटो की टक्कर में 9 लोगों की जान गई।
घटना के वक्त ऑटो में 10 लोग सवार थे। 7 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई थी। जबकि 3 लोगों को गंभीर हालत में जबलपुर रेफर किया था। मंगलवार देर रात घायल महिला ने दम तोड़ दिया। वहीं बुधवार सुबह एक और युवक की मौत हो गई। इस दुर्घटना में मृतकों में पति-पत्नी और उनके बेटे समेत 7 सदस्य एक ही परिवार से थे।
श्मशान घाट पर कलेक्टर-SP ने दी श्रद्धांजलि
दुर्घटना में मृत लोगों का अंतिम संस्कार स्थानीय मुक्तिधाम में हुआ, जहां शहरवासियों ने नम आंखों से मृतकों को विदाई दी। श्मशान घाट पर इस कठिन समय में पुलिस बल भी तैनात रहा, ताकि स्थिति को नियंत्रित किया जा सके। स्थानीय लोगों के अलावा कलेक्टर सुधीर कोचर, पुलिस अधीक्षक एसके सोमवंशी ने श्रद्धांजलि दी। साथ ही मृतकों के परिजनों को ढांढस बंधाया।
क्या था घटनाक्रम
पुलिस के अनुसार, ट्रक (एमपी 34 जेडसी 5374) का ड्राइवर नशे में था। ट्रक ने सामने चल रहे ऑटो को अपनी चपेट में ले लिया। इस घटना में साक्षी गुप्ता, राजेश गुप्ता, गायत्री गुप्ता, शिवा गुप्ता, महेंद्र गुप्ता, आलोक गुप्ता तथा हीरालाल गुप्ता की मौके पर ही मौत हो गई, तथा एक अन्य महिला गीता ने रास्ते में दम तोड़ दिया। सूचना मिलते ही दमोह कलेक्टर सुधीर कोचर, एसपी श्रुतकीर्ति सोमवंशी मौके पर पहुंचे। मृतकों में पांच लोग एक ही परिवार के हैं।
नशे में धुत ट्रक ड्राइवर को पता ही नहीं क्या हुआ
बता दें कि घटना के दौरान छतरपुर के बक्सवाहा निवासी ट्रक ड्राइवर नीरज सिंह लोधी नशे में धुत था। पुलिस ने ट्रक ड्राइवर को पकड़ लिया है और उससे पूछताछ की। पुलिस मेडिकल जांच के लिए उसे जिला अस्पताल लेकर पहुंची, जहां वह इतने नशे में है कि कुछ भी बोलने की हालत में नहीं था। जब उससे घटना के संबंध में पूछा गया तो उसे पता ही नहीं है हुआ क्या है।
सीएम ने की आर्थिक सहायता की घोषणा
घटना पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शोक व्यक्त किया है। उन्होंने मृतकों के परिवारों को 2-2 लाख और घायलों को 50-50 हजार रुपए की आर्थिक मदद देने की घोषणा की है।
(इनपुट- धीरज जॉनसन)