अंतर्राष्ट्रीयताजा खबर

जेलेंस्की को भारी पड़ी ट्रंप से बहस… अमेरिका ने यूक्रेन को दी जा रही सैन्य सहायता रोकी, US प्रेसिडेंट बोले- Zelenskyy शांति नहीं चाहते

वॉशिंगटन डीसी। व्हाइट हाउस में यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की के साथ तीखी बहस के तीन दिन बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने यूक्रेन को दी जाने वाली सैन्य मदद रोकने का ऐलान किया है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, यह आदेश तुरंत प्रभाव से लागू कर दिया गया है। ऐसी मदद जो अमेरिका से अभी तक यूक्रेन नहीं पहुंची है, उसे भी रोक दिया गया है।

यूक्रेन को 8.7 हजार करोड़ की मदद पर रोक

ट्रंप प्रशासन के इस फैसले से लगभग एक अरब डॉलर (8.7 हजार करोड़ रुपए) की सैन्य सहायता प्रभावित होगी। इसमें वे हथियार और गोला-बारूद भी शामिल हैं, जिन्हें जल्द ही यूक्रेन भेजा जाना था। इतना ही नहीं, पोलैंड तक पहुंच चुका सैन्य सामान भी अब यूक्रेन को नहीं मिलेगा।

जब तक शांति की गारंटी नहीं, मदद नहीं

व्हाइट हाउस के एक अधिकारी ने कहा कि, यह फैसला तब तक बरकरार रहेगा जब तक ट्रंप को यह भरोसा नहीं हो जाता कि जेलेंस्की वास्तव में शांति चाहते हैं। अधिकारी ने यह भी स्पष्ट किया कि, यह रोक स्थायी नहीं है, बल्कि इसकी समीक्षा की जा रही है।

ट्रंप ने सोशल मीडिया पर जताई नाराजगी

मदद रोकने से कुछ घंटे पहले ट्रंप ने सोशल मीडिया पर जेलेंस्की पर निशाना साधा। उन्होंने लिखा, “जब तक अमेरिका यूक्रेन का समर्थन कर रहा है, जेलेंस्की शांति नहीं चाहते। यह उनका अब तक का सबसे खराब बयान है, जिसे अमेरिका बर्दाश्त नहीं करेगा।”

यूक्रेन की सुरक्षा पर असर, रूस को होगा फायदा?

अमेरिका पिछले तीन वर्षों से यूक्रेन को रूस के खिलाफ सैन्य सहायता देता रहा है। इस सहायता के रुकने से यूक्रेन की रक्षा क्षमताओं पर असर पड़ सकता है। यूक्रेनी सेना अमेरिकी हथियारों- तोपों, ड्रोन और मिसाइल सिस्टम पर काफी निर्भर है। इस रोक के बाद यूक्रेन के लिए रूसी हमलों का जवाब देना मुश्किल हो सकता है, ऐसे में रूस कुछ और इलाकों पर कब्जा जमा सकता है।

यूरोप से उम्मीद लगाए बैठे जेलेंस्की

अमेरिकी मदद रुकने के बाद अब जेलेंस्की की उम्मीद यूरोपीय देशों पर टिकी है। ब्रिटेन की अगुवाई में लंदन में हुई यूरोपीय नेताओं की बैठक में यूक्रेन को समर्थन जारी रखने की बात कही गई। ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर ने इस बैठक की मेजबानी की और यूरोप की सुरक्षा को लेकर चिंता जताई।

पीस प्लान पर चर्चा, अमेरिका के सामने रखा जाएगा प्रस्ताव

यूरोपीय नेताओं के शिखर सम्मेलन में एक शांति योजना (पीस प्लान) पर सहमति बनी है, जिसे अमेरिका के सामने रखा जाएगा। नेताओं ने इस बात पर भी सहमति जताई कि यूक्रेन की मदद के लिए डिफेंस पर खर्च बढ़ाना होगा।

व्हाइट हाउस में हुई बहस बना विवाद का कारण

28 फरवरी को व्हाइट हाउस में शांति समझौते को लेकर ट्रंप और जेलेंस्की के बीच तीखी बहस हुई थी। जेलेंस्की ने रूस के साथ किसी भी समझौते से इनकार कर दिया, जिससे ट्रंप भड़क गए और कहा कि “वे शांति नहीं चाहते और तीसरे विश्व युद्ध का जुआ खेल रहे हैं।”

ये भी पढ़ें- अमेरिका के साथ मिनरल्स डील करने के लिए तैयार जेलेंस्की, बोले- बहस का फायदा सिर्फ विरोधियों को; ट्रंप को लेकर कही ये बात

संबंधित खबरें...

Back to top button