गोरखपुर में दशहरा समारोह में शामिल हुए सीएम योगी, बोले-देश है तो धर्म है, सनातन सुरक्षित नहीं है तो कोई सुरक्षित नहीं

गोरखपुर। मुख्यमंत्री ने कहा कि विजयादशमी सनातन धर्म का महापर्व है, जो लोगों को भगवान श्रीराम की मर्यादा, वचन और कर्म से जोड़ता है। उन्होंने अधर्म और अन्याय के खिलाफ भगवान श्रीराम के संघर्ष का जिक्र करते हुए दृढ़ संकल्प की महत्ता बताई। योगी ने राम मंदिर, राम जन्मभूमि और काशी विश्वनाथ मंदिर का जिक्र करते हुए कहा कि भारत की मजबूती से ही देश अपनी खोई हुई गरिमा वापस पाने में सक्षम होता है। उन्होंने अयोध्या और राम मंदिर को लेकर कथित दुष्प्रचार करने वालों पर भी सवाल उठाए।
'भाषा और जाति के नाम पर देश को कमजोर की कोशिश'
सीएम योगी आदित्यनाथ ने गोरखपुर में रामलीला समिति आर्य नगर के कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि भारत की एकता को कमजोर करने की कोशिश करने वालों के अंदर रावण की आत्मा आ गई है। उन्होंने कहा कि भाषा और जाति के नाम पर देश को बांटने की कोशिश करने वालों को समझना चाहिए कि सामाजिक एकता ही देश की ताकत है। मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों को विजयादशमी की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह पर्व हर व्यक्ति के मन में नया उत्साह और उमंग पैदा करता है।
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'भगवान श्रीराम के आदर्शों से मिलती है प्रेरणा'
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि विजयादशमी सनातन धर्म का महापर्व है और यह पूरे देश को भगवान श्रीराम की मर्यादा, उनके वचन और कर्म से जोड़ता है। उन्होंने भगवान श्रीराम के जीवन और संघर्षों का उल्लेख करते हुए कहा कि हजारों वर्षों से उनके आदर्श भारतीय समाज को प्रेरित करते रहे हैं। मुख्यमंत्री ने अधर्म, अन्याय और अत्याचार के खिलाफ भगवान श्रीराम के संघर्ष को याद किया। उन्होंने कहा कि भगवान श्रीराम ने ऋषि-मुनियों पर अत्याचार और समाज में हो रहे अन्याय के खिलाफ संकल्प लिया था और उसे पूरा किया।
'ताकतवर दुराचारी का भी अंत निश्चित'
मुख्यमंत्री ने कहा कि जब किसी नारी की गरिमा पर हमला करने का प्रयास हुआ, तब भगवान श्रीराम ने अत्याचारी का अंत किया। उन्होंने कहा, दुराचारी कितना भी बड़ा और ताकतवर क्यों ना हो, त्रिलोक विजय की क्षमता भी क्यों ना रखता हो, उसको नष्ट होना ही होना है। सीएम योगी ने समुद्र पर सेतु निर्माण का उदाहरण देते हुए दृढ़ निश्चय और संकल्प की महत्ता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि अयोध्या से निकले दो राजकुमारों ने रावण जैसे अत्याचारी पर विजय प्राप्त की थी।
भारत की मजबूती और राम मंदिर का किया जिक्र
सीएम ने कहा कि जब भारत कमजोर होता है, तब राम मंदिर और राम जन्मभूमि अपमानित होती है। उन्होंने कृष्ण जन्मभूमि और काशी विश्वनाथ मंदिर का जिक्र करते हुए भी देश की मजबूती को जरूरी बताया। मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत मजबूत होता है, तो नरेंद्र मोदी जैसा नेतृत्व मिलता है और देश 500 वर्ष पहले तोड़ी गई गरिमा को वापस पाने में समर्थ होता है। उन्होंने अयोध्या में भव्य राम मंदिर के निर्माण का उल्लेख करते हुए कहा कि देश की मजबूती से ही ऐसे कार्य संभव हो पाते हैं।
राम मंदिर को लेकर दुष्प्रचार करने वालों पर आरोप
मुख्यमंत्री ने अयोध्या और राम मंदिर को लेकर कथित दुष्प्रचार का मुद्दा उठाते हुए आरोप लगाया कि कुछ लोग अयोध्या को अपमानित करने और लोगों के बीच भ्रम पैदा करने का काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि जिन लोगों ने रामलला के दर्शन तक नहीं किए, वे भी राम मंदिर के खिलाफ दुष्प्रचार करते हैं। योगी ने राम जन्मभूमि आंदोलन का जिक्र करते हुए कहा कि उस दौरान राम भक्तों पर गोलियां चलाई गई थीं और अत्याचार किए गए थे। उन्होंने कहा कि राम मंदिर को लेकर लोगों को भ्रमित करने की कोशिशों को समझना जरूरी है।
'केवल नाम लेने से किसी की पहचान नहीं हो जाती'
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि आज भी कुछ लोग राम-राम का नाम लेते हैं, लेकिन केवल नाम लेने से किसी की पहचान नहीं हो जाती। उन्होंने हनुमान जी और कालनेमि का उदाहरण देते हुए कहा कि लोगों को पहचानना होगा कि कौन कालनेमि की तरह बाधा पैदा कर रहा है और धोखा देने की कोशिश कर रहा है। मुख्यमंत्री ने भगवान श्रीराम के आदर्शों और सनातन धर्म की परंपराओं का उल्लेख करते हुए सामाजिक एकता बनाए रखने की बात कही। उन्होंने विजयादशमी के पर्व को सत्य, धर्म और बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक बताया।




















