
सागर। मध्य प्रदेश के परिवहन एवं राजस्व मंत्री गोविंद सिंह राजपूत के खिलाफ आदर्श आचार संहिता के उल्लंघन के मामले में राहतगढ़ थाने में एफआईआर दर्ज की गई है। सुरखी विधानसभा से भाजपा के प्रत्याशी बनाए गए गोविंद सिंह राजपूत का एक वीडियो वायरल होने के बाद ये कार्रवाई की गई। हालांकि केस दर्ज होने के बाद मंत्री इसे आचार संहिता से पहले का मामला बताते हुए कांग्रेस पर षड्यंत्र रचने का आरोप लगा रहे हैं।
वीडियो में हर पोलिंग बूथ को 25 लाख देने की बात
दरअसल, सुरखी विधानसभा के भाजपा प्रत्याशी गोविंद सिंह राजपूत का एक वीडियो सामने आया है। इसमें वे एक गांव के लोगों से चुनाव में सबसे ज्यादा वोट लाने वाले पोलिंग बूथ को 25 लाख रुपए देने की घोषणा करते नजर आ रहे हैं। ये वीडियो कुछ दिन पुराना बताया जा रहा है। वीडियो के आधार पर निर्वाचन आयोग में शिकायत की गई थी। इसके बाद आचार संहिता के उल्लंघन का मामला दर्ज किया गया है।
राहतगढ़ थाने में दर्ज हुई FIR
सागर जिले के सुरखी विधानसभा से बीजेपी प्रत्याशी गोविंद सिंह राजपूत के खिलाफ आदर्श आचरण संहिता के उल्लंघन के आरोप में राहतगढ़ थाने में प्रकरण दर्ज किया गया है। रिटर्निंग अधिकारी सुरखी के प्रतिवेदन पर ये एफआईआर दर्ज की गई। कलेक्टर दीपक आर्य ने बताया कि शिकायतकर्ता ने चुनाव आयोग नई दिल्ली एवं मप्र के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी को इस संबंध में शिकायत दी थी।
इसकी जांच रिटर्निंग अधिकारी एवं वीवीटी के माध्यम से कराई गई। जांच के बाद रिटर्निंग अधिकारी ने 23 अक्टूबर 2023 को पुलिस थाना राहतगढ़ में प्रत्याशी गोविंद सिंह राजपूत के द्वारा आदर्श आचरण संहिता के उल्लंघन के संबंध में शिकायत की थी। इसको लेकर लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम – 1951 की धारा 123 एवं आईपीसी की धारा- 188 के अंतर्गत एफआईआर दर्ज की गई है।
मंत्री का कांग्रेस पर षड्यंत्र रचने का आरोप
केस दर्ज होने के बाद आज देर शाम परिवहन मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने एक वीडियो जारी कर इस FIR पर अपनी सफाई दी। उन्होंने दावा किया कि जिस वीडियो को लेकर उनके खिलाफ FIR दर्ज की गई है, वह आचार संहिता लगने से पहले का है। इसके साथ ही उन्होंने दावा किया कि वह वीडियो में विधायक निधि से गांव के विकास के लिए पैसे देने की बात कह रहे थे। उन्होेंने कांग्रेस पर आरोप लगाया है कि उनके खिलाफ षड्यंत्र रचते हुए यह शिकायत की गई है।