
बिजनेस डेस्क। आठ साल पुराने विवाद को खत्म करते हुए यूरोप की टॉप कोर्ट ने एप्पल को 13 अरब यूरो (1175.5 अरब रु.) टैक्स के रूप में आयरलैंड को पे करने का आदेश दिया है। यूरोपियन कमीशन ने आयरलैंड पर एप्पल को 2016 में गैरकानूनी रूप से टैक्स एडवांटेज देने का आरोप लगाया है। लेकिन आयलैंड ने लगातार टैक्स लेने के विरोध में तर्क दिया है। हालांकि अब आइरिश सरकार ने कहा है कि वो कोर्ट के आदेश का सम्मान करेगी। फैसले पर एप्पल ने कहा कि वो इससे निराश है। उसने यूरोपियन कमीशन पर आरोप लगाया कि वह पूर्वव्यापी प्रभाव से कानूनों को बदलने की कोशिश कर रहा है। ईयू की एंटी ट्रस्ट चीफ मार्गरेथे वेस्टेगर ने फैसले का स्वागत किया है।
ECJ ने पलटा निचले कोर्ट का फैसला
10 सितंबर के फैसले के साथ ही यूरोपीय संघ के ‘कोर्ट ऑफ जस्टिस’ ने निचले कोर्ट के उस फैसले को पलट दिया, जिसमें एप्पल को राहत दी गई थी। ECJ ने फैसला पलटते हुए कहा कि, निचले कोर्ट का ये कहना कि कमीशन ने अपने असेसमेंट में गलतियां की है, ये सही नहीं है।
कोर्ट ने कहा कि, ‘यूरोपीय आयोग के 2016 के फैसले की पुष्टि करता है जिसके मुताबिक आयरलैंड ने एप्पल को गैरकानूनी सहायता दी थी और उस राशि की आयरलैंड को वसूली करनी है।’
क्या है पूरा मामला
- साल 2016 में यूरोपियन कमीशन (यूरोपियन यूनियन की एग्जीक्यूटिव बॉडी) ने आयरलैंड को एप्पल को अवैध टैक्स एडवांटेज देने का दोषी बताया था।
- कमीशन के मुताबिक आयरलैंड ने बीते दो दशकों में एप्पल को ये फायदा पहुंचाया था।
- कमीशन ने इसी मामले में एप्पल को आयरलैंड को 13 बिलियन यूरो चुकाने को कहा था।
- एप्पल का यूरोप का हेडक्वार्टर आयरलैंड के डबलिन में स्थित है। आयरलैंड में पूरे ईयू के अंदर सबसे कम कॉर्पोरेट टैक्स रेट है। इस कारण से यह देश एप्पल का यूरोप, अफ्रीका और मिडिल ईस्ट के लिए बेस है।
- कोर्ट का मानना है कि आयरलैंड ने कंपनी को अनुचित सब्सिडी दी है।
टिम कुक ने फैसले को राजनीति से प्रेरित बताया था
- यह मामला उजागर होने पर एप्पल ने खासी नाराजगी जताई थी। 2016 में कमीशन के फैसले पर प्रतिक्रिया देते हुए CEO टिम कुक ने EU के कदम को राजनीति से प्रेरित बताया था।
- अमेरिकी सरकार ने भी मामले में एप्पल का समर्थन किया था। तत्कालीन अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने यूरोपीय आयोग की आयुक्त मार्ग्रेथ वेस्टागर की आलोचना करते हुए उन्हें अमेरिका से नफरत करने वाली बताया था।
- वेस्टागर ने विशेष कर सौदों को खत्म करने और बड़ी अमेरिकी प्रौद्योगिकी कंपनियों पर नकेल कसने के अभियान का नेतृत्व किया था।
फैसले से पहले ही की लॉन्चिंग
एप्पल ने अपने नए प्रोडक्ट्स को इस फैसले के पहले ही लॉन्च कर दिया। Apple ने 9 सितंबर को iPhone 16 सीरीज के तहत iPhone 16, iPhone 16 Plus, iPhone 16 Pro और iPhone 16 Pro Max मॉडल्स को लॉन्च किया है। इससे पहले आईफोन 15 को 12 सितंबर 2023, आईफोन 14 को 7 सितंबर 2022 को लॉन्च किया गया था।
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