राजनाथ सिंह का राहुल गांधी पर हमला, बोले- बांग्लादेश जैसे हालात से सत्ता परिवर्तन चाहते हैं विपक्षी

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने शुक्रवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर विपक्ष और INDIA ब्लॉक पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष राजनीतिक फायदे के लिए संवैधानिक संस्थाओं को बदनाम कर रहा है और युवाओं को अराजकता की राजनीति में इस्तेमाल करने की कोशिश कर रहा है। राजनाथ सिंह ने कहा कि कुछ लोग बांग्लादेश जैसे हालात से प्रेरणा लेकर भारत में सत्ता परिवर्तन चाहते हैं। उन्होंने कांग्रेस नेता राहुल गांधी को भी निशाने पर लिया और उनसे जनादेश का सम्मान करने की अपील की।
'युवाओं को अराजकता की राजनीति में मोहरा बना रहे'
राजनाथ सिंह ने कहा कि राजनीतिक हितों के लिए देश की संवैधानिक संस्थाओं की बलि नहीं दी जा सकती। झूठा आक्रोश दिखाकर और संस्थाओं को बदनाम करके देश की विकास यात्रा को प्रभावित नहीं किया जाना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष चुनावी सुधार, SIR और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के मुद्दे को लेकर सरकार के खिलाफ माहौल बना रहा है। रक्षा मंत्री के मुताबिक, विपक्ष का मकसद चुनावी सुधार नहीं, बल्कि अराजकता फैलाकर सत्ता हासिल करना है। उन्होंने राहुल गांधी से कहा कि उन्हें बाधा डालने वाली राजनीति करने के बजाय जनता के जनादेश का सम्मान करना चाहिए और अपनी राजनीतिक भूमिका पर आत्ममंथन करना चाहिए।
इंदिरा गांधी के आपातकाल का किया जिक्र
रक्षा मंत्री ने अपने संबोधन में पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के कार्यकाल और 1975 में लगाए गए आपातकाल का भी जिक्र किया। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस के इतिहास में लोकतांत्रिक संस्थाओं से जुड़े कई विवाद रहे हैं। राजनाथ सिंह ने कहा कि आज राहुल गांधी की पार्टी चुनाव आयोग और चुनाव प्रक्रिया पर सवाल उठा रही है, जबकि कांग्रेस के शासनकाल में भी चुनाव आयोग की नियुक्तियों और कामकाज को लेकर विवाद हुए थे। उन्होंने 1993 में चुनाव आयोग में किए गए बदलावों का जिक्र करते हुए पूर्व मुख्य चुनाव आयुक्त एन. गोपालस्वामी की ओर से नवीन चावला को पद से हटाने की सिफारिश का भी उल्लेख किया। राजनाथ सिंह ने इस मामले में लगाए गए आरोपों को गंभीर बताया।
राहुल गांधी से रायबरेली को लेकर पूछा सवाल
राजनाथ सिंह ने राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए उत्तर प्रदेश में कांग्रेस की राजनीतिक स्थिति पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस उत्तर प्रदेश में लंबे समय से सत्ता से बाहर है। इसी दौरान उन्होंने राहुल गांधी से सवाल किया कि क्या समाजवादी पार्टी के समर्थन के बिना वह रायबरेली की सीट जीतने की क्षमता रखते हैं? इस बयान के जरिए रक्षा मंत्री ने उत्तर प्रदेश में कांग्रेस की चुनावी ताकत और समाजवादी पार्टी के साथ उसके गठबंधन पर सवाल खड़े किए।
राहुल गांधी के वोटर लिस्ट संबंधी दावों पर भी उठाए सवाल
राजनाथ सिंह ने मतदाता सूची को लेकर राहुल गांधी की ओर से पहले लगाए गए आरोपों का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी ने डबल वोटर और मतदाता सूची में गलत उम्र दर्ज होने जैसे मुद्दे उठाए थे। रक्षा मंत्री ने दावा किया कि कांग्रेस की ओर से इन आरोपों को साबित करने के लिए औपचारिक शिकायत दर्ज नहीं कराई गई। उन्होंने कहा कि बिना पर्याप्त सबूत के आम नागरिकों को फर्जी मतदाता बताना उचित नहीं है। राजनाथ सिंह ने कहा कि उनकी पार्टी ने हमेशा संविधान, जनता और संवैधानिक संस्थाओं का सम्मान किया है। उन्होंने विपक्ष पर चुनाव आयोग और चुनाव प्रक्रिया को लेकर जनता को गुमराह करने का आरोप लगाया।
SIR विवाद के बीच बयान से सियासत तेज
मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR को लेकर जारी राजनीतिक विवाद के बीच राजनाथ सिंह का यह बयान सामने आया है। उनके संबोधन में कांग्रेस, राहुल गांधी, चुनाव आयोग और सत्ता परिवर्तन की मांग जैसे मुद्दे प्रमुख रहे। रक्षा मंत्री ने विपक्ष पर लोकतांत्रिक संस्थाओं को कमजोर करने का आरोप लगाया, जबकि विपक्ष की ओर से चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सूची को लेकर उठाए जा रहे सवाल इस राजनीतिक बहस का अहम हिस्सा बने हुए हैं।




















