
प्रयागराज महाकुंभ का प्रभाव अयोध्या की राम नगरी में भी देखने को मिल रहा है। सोमवार को हनुमानगढ़ी और रामलला के दर्शन के लिए लगभग 20 लाख श्रद्धालु पहुंचे। इस दौरान दर्शन के लिए लगी भीड़ में एक 60 वर्षीय महिला, विमला (हरियाणा के सोनीपत निवासी), गिर पड़ीं। पुलिस द्वारा उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पुलिस के अनुसार, महिला की मौत हार्ट अटैक के कारण हुई। उनका कहना है कि ये भीड़ के कारण हो सकता है। वहीं नया घाट क्षेत्र में भी भीड़ के बीच एक अन्य व्यक्ति की मृत्यु हो गई, हालांकि उनकी पहचान अभी तक नहीं हो पाई है।
क्राउड मैनेजमेंट के लिए प्रशासन ने उठाए सख्त कदम
श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को संभालने के लिए प्रशासन ने सख्त ट्रैफिक प्रबंधन के उपाय किए हैं। फैजाबाद हाईवे पर बाराबंकी के पास बैरिकेडिंग लगाकर वाहनों को रोका जा रहा है। इसके साथ एक बार में केवल 20-30 गाड़ियों को अयोध्या भेजा जाएगा। गोरखपुर से अयोध्या की तरफ आने वाले वाहनों को फुटहिया से डायवर्ट कर दिया गया है। एम्बुलेंस को छोड़कर अन्य किसी भी वाहन को अयोध्या जाने की अनुमति नहीं दी जा रही है।
काशी विश्वनाथ दर्शन के लिए रात भर लाइन में खड़े रहे श्रद्धालु
काशी में भी श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखने को मिली। मंदिर परिसर, गलियां और गंगा घाट सब श्रद्धालुओं से पूरी तरह भर चुके हैं। स्थिति को संभालने के लिए कमिश्नर और SSP समेत पूरा अमला सड़क पर हैं। बाबा विश्वनाथ के दर्शन के लिए लोग आधी रात से लाइन में खड़े हो गए। रेलिंग और बैरिकेडिंग के सहारे रात गुजारी। सुबह 2.45 बजे कपाट खुलने के बाद दर्शन शुरू हुए। दोपहर 2 बजे तक पूरी काशी का क्राउड मैनेजमेंट सिस्टम फेल हो गया।
राम मंदिर की सुरक्षा के लिए NSG कमांडो तैनात
राम मंदिर की सुरक्षा के लिए NSG के कमांडो तैनात हैं। श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ने के कारण सेफ्टी को सख्त किया गया है। हनुमानगढ़ी में श्रद्धालुओं की कतार लगभग 3 किलोमीटर लंबी है। इसके साथ सरयू घाट से लेकर राम मंदिर तक हर जगह लाखों की भीड़ देखने को मिली। भीड़ इतनी बढ़ गई हैं कि रामलला और हनुमान गढ़ी के दर्शन के लिए 4 से 5 घंटे तक लोगों को कतार में लगना पड़ रहा है। भीड़ को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था सख्त कर दी गई है।
समय से अस्पताल नहीं पहुंच पा रही एम्बुलेंस
श्रीराम अस्पताल के प्रवक्ता डॉ. यश प्रकाश सिंह ने बताया कि अयोध्या में भारी भीड़ के कारण उनका पैरामेडिकल स्टाफ भी समय पर ऑफिस नहीं पहुंच पा रहा है। एक महिला और एक पुरुष को अस्पताल लाया गया, लेकिन उनकी मौत पहले ही हो चुकी थी। एंबुलेंस को 500 मीटर की दूरी तय करने में 45 मिनट लगे।
छोटे-छोटे समूहों में श्रद्धालुओं को अयोध्या में दिया जाएगा प्रवेश
साथ ही महाकुंभ के कारण इस महीने अयोध्या में भी भीड़ तेजी से बढ़ रही है। भीड़ को नियंत्रित करने के लिए IG प्रवीण कुमार, कमिश्नर, जिलाधिकारी, और एसपी सिटी ग्राउंड पर मौजूद हैं। IG ने कहा कि ‘राम मंदिर और हनुमानगढ़ी की क्षमता के अनुसार ही दर्शन की अनुमति दी जा रही है, और पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर रूट डायवर्जन किया गया है।’
वहीं डीएम चंद्र विजय सिंह ने बताया कि भीड़ प्रबंधन के लिए पैरामिलिट्री और सुरक्षा बल तैनात किए गए हैं। श्रद्धालुओं को छोटे-छोटे समूहों में अयोध्या में प्रवेश दिया जा रहा है। मौनी अमावस्या पर और अधिक भीड़ की संभावना जताई गई है।’