प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी G7 शिखर सम्मेलन के वर्किंग सेशन में शामिल हुए, जहां दुनिया के कई बड़े नेताओं ने वैश्विक चुनौतियों पर चर्चा की। इस दौरान अर्थव्यवस्था, ऊर्जा सुरक्षा, तकनीक और अंतरराष्ट्रीय सहयोग जैसे अहम मुद्दों पर विचार-विमर्श हुआ।
G7 समिट में PM मोदी ने होर्मुज स्ट्रेट का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि इस समुद्री मार्ग में कई भारतीय नाविकों की जान गई है, इसलिए उनकी सुरक्षा जरूरी है। साथ ही यह दुनिया के लिए तेल और गैस की सप्लाई का अहम रास्ता है।
मोदी ने कहा कि AI का इस्तेमाल लोगों की भलाई के लिए होना चाहिए। AI शिक्षा, स्वास्थ्य सेवाओं और नए नवाचारों को बढ़ावा देने में मददगार साबित हो सकता है। साथ ही, भारत ने सभी देशों से मिलकर काम करने का लाभ हर व्यक्ति तक पहुंचाने की बात कही।
G7 सम्मेलन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की मुलाकात चर्चा का विषय बनी। दोनों नेताओं ने भारत-अमेरिका संबंधों और वैश्विक सुरक्षा जैसे मुद्दों पर विचार-विमर्श किया।
G7 दुनिया की सात बड़ी विकसित अर्थव्यवस्थाओं का समूह है, जो फ्रांस और स्विट्जरलैंड की सीमा के पास आल्पस की खूबसूरत पहाड़ियों के बीच बसा एवियन शहर में होता है।
G7 समूह में अमेरिका, ब्रिटेन, कनाडा, फ्रांस, जर्मनी, इटली और जापान शामिल हैं। ये देश दुनिया की सबसे बड़ी और प्रभावशाली अर्थव्यवस्थाओं में गिने जाते हैं। वैश्विक व्यापार, वित्त, तकनीकी मामलों में इनका महत्वपूर्ण योगदान है।