
हर साल लाखों छात्र दिल्ली यूनिवर्सिटी (DU) में दाखिले की तैयारी करते हैं। इस बार भी CUET UG 2025 परीक्षा का आयोजन 8 मई से 1 जून 2025 के बीच होगा। परीक्षा के नतीजे आने के बाद DU अपने कॉमन सीट एलोकेशन सिस्टम (CSAS) के जरिए दाखिला देगा।
टाई ब्रेकर नियम कब लागू होता है?
अगर CUET UG में दो छात्रों के अंक बराबर आ जाते हैं और सीटें कम होती हैं, तो यह तय करने के लिए टाई ब्रेकर नियम लागू होता है।
कैसे तय होगा कि किसे मिलेगा दाखिला?
DU ने इसके लिए तीन चरणों वाला नियम बनाया है-
- 12वीं के अंकों को देखा जाएगा – जिस छात्र के 12वीं में ज्यादा अंक होंगे, उसे प्राथमिकता मिलेगी।
- अगर 12वीं के अंक भी बराबर हैं, तो उम्र देखी जाएगी – उम्र में बड़ा छात्र पहले चुना जाएगा।
- अगर उम्र भी समान है, तो लॉटरी होगी – किस्मत के आधार पर दाखिला तय किया जाएगा।
DU में कितने कॉलेज और कोर्स?
DU के 69 कॉलेजों में 79 स्नातक (UG) कोर्स उपलब्ध हैं। इनमें BA, BSc, BCom जैसे लोकप्रिय कोर्स शामिल हैं। कुछ कॉलेज डिप्लोमा और सर्टिफिकेट कोर्स भी कराते हैं, जिनमें CUET स्कोर से दाखिला मिलेगा।
आवेदन से पहले ध्यान दें
- हर कोर्स की योग्यता अलग-अलग होती है, इसलिए आवेदन से पहले शर्तें अच्छे से पढ़ लें।
- CUET का रिजल्ट आने के बाद CSAS के तहत ऑनलाइन पंजीकरण करना होगा।
- पसंद के कॉलेज और कोर्स समझदारी से चुनें ताकि दाखिले की संभावना बढ़ जाए।
CUET UG 2025 की तैयारी करें और DU में दाखिले का सपना पूरा करें!